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दुर्ग

कलेक्टर सिंह ने ग्राम पतोरा में एफ.एस.टी.पी. और प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट का निरीक्षण कर कार्यों को सराहा

दुर्ग | कलेक्टर  अभिजीत सिंह और जिला पंचायत सीईओ  बजरंग दुबे द्वारा ग्राम पंचायत पतोरा में फीकल स्लज ट्रीटमेंट प्लांट (एफएसटीपी) और प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट का औचक निरीक्षण किया गया।

निरीक्षण के दौरान ग्राम पंचायत सचिव और वाटर एड संस्था के कर्मचारियों द्वारा फीकल स्लज ट्रीटमेंट प्लांट की विस्तृत कार्यप्रणाली की जानकारी दी गई। उन्होंने बताया कि इस यूनिट में 20 किलोमीटर के दायरे में आने वाले गांवों से मल-जल को एकत्र कर फिल्टरिंग हेतु टैंकों में संग्रहित किया जाता है।

मल-जल को विभिन्न चेंबरों और टैंकों से गुजारकर कई स्तरों पर शुद्धिकरण की प्रक्रिया पूरी की जाती है, जिसके पश्चात् इससे तैयार खाद को “सोना खाद“ के नाम से जाना जाता है। यह खाद खेतों में उपयोग हेतु बेहद लाभकारी है।

एफएसटीपी में उपचारित जल को भी एक अलग चैम्बर में संग्रहित कर उसे गार्डनिंग (बागवानी) हेतु पुनः उपयोग किया जाता है। कलेक्टर  सिंह ने इस नवाचार की सराहना करते हुए निर्देशित किया कि आसपास के गांवों में क्लस्टर बनाकर इसी प्रकार की और यूनिट स्थापित की जाएं।

उन्होंने कहा कि हम अब गांवों को ओडीएफ बना चुके हैं, अब हमारा अगला लक्ष्य ठोस मल-जल प्रबंधन की दिशा में ठोस कार्य करना है। इसके साथ ही कलेक्टर ने प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट का भी निरीक्षण किया। उन्होंने भूजल एवं मृदा को प्लास्टिक से होने वाले प्रदूषण से बचाने पर विशेष बल दिया और प्लास्टिक कचरे के सुरक्षित और वैज्ञानिक निपटारे के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए।

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